Shubh prabhat
दोस्तों , मनुष्य के सद्विचार ही उसे अच्छे अथवा बुरे श्रेणी में विभक्त करते हैं। और ये अच्छे विचार आते कहां से हैं। अच्छी संगति से। जब भी आपका मन बोझिल हो, मन विषाद से लबलबाने लगे, तो यहां आइए, विद्वानों द्वारा बनाए सुन्दर बचनों को आत्मसात करिए, आशा है, आप का मन विषाद रहित होकर अवश्य तरो ताजा हो जाएगा। आपके बहुमूल्य सुझावों का सदा स्वागत रहेगा। धन्यवाद।